एसडीएम ने थाना प्रभारी को उचित कार्यवाही का दिया आदेश।

जौनपुर में संपूर्ण समाधान दिवस के दौरान एक अनोखी घटना ने सबको चौंका दिया। एक बेरोजगार युवक ने अधिकारियों के सामने ऐसी मांग रखी, जिसे सुनकर हर कोई हैरान रह गया। युवक ने अपने आवेदन में मांग की कि उसे बदलापुर का क्षेत्राधिकारी (CO) नियुक्त किया जाए। यह प्रार्थना पत्र बिना पढ़े ही निस्तारण के लिए आगे भेज दिया गया, जिसके बाद जांच अधिकारी ने इसे पढ़कर अपनी आंखों पर यकीन नहीं किया।

अजीबोगरीब मांग ने उड़ाए होश

यह घटना शनिवार को बदलापुर में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस के दौरान हुई। इस मौके पर SDM योगिता सिंह और अन्य अधिकारी जनता की समस्याएं सुनने के लिए मौजूद थे। इसी दौरान आजमगढ़ के दीदारगंज के आदममऊ गांव निवासी इंद्रमणि चौहान नामक युवक ने एक प्रार्थना पत्र सौंपा। इसमें उसने लिखा, “मैं बी.एससी, एम.ए पास हूं, बेरोजगार हूं और बहुत परेशान हूं। मुझे बदलापुर का CO बनाया जाए।” 

युवक ने अपने आवेदन के साथ शैक्षिक प्रमाण पत्र, आधार कार्ड, पैन कार्ड और बैंक पासबुक की प्रतियां भी संलग्न की थीं। हैरानी की बात यह है कि SDM ने बिना आवेदन पढ़े इसे बदलापुर थाने के प्रभारी निरीक्षक को जांच और निस्तारण के लिए भेज दिया। प्रार्थना पत्र पर हस्ताक्षर और मोहर भी लग चुके थे। जब यह आवेदन जांच अधिकारी के पास पहुंचा, तो युवक की मांग पढ़कर वे दंग रह गए।

 सोशल मीडिया पर वायरल हुई घटना

इस अनोखी मांग के बाद यह घटना सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गई है। लोग अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठा रहे हैं कि बिना पढ़े प्रार्थना पत्र को कैसे आगे बढ़ा दिया गया। बदलापुर थाने के प्रभारी निरीक्षक शेष कुमार शुक्ल ने स्पष्ट किया कि CO बनने के लिए PCS परीक्षा पास करना और प्रशिक्षण पूरा करना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि इस तरह की मांग को पूरा करना संभव नहीं है।

क्या है पूरा मामला?

-कौन है युवक? इंद्रमणि चौहान, आजमगढ़ के आदममऊ गांव का निवासी, जिसने बी.एससी और एम.ए की पढ़ाई की है।

-क्या थी मांग? बेरोजगारी से परेशान होकर उसने बदलापुर का CO बनाए जाने की मांग की।

-अधिकारियों की चूक: SDM ने बिना पढ़े आवेदन को निस्तारण के लिए भेज दिया।

-सोशल मीडिया पर चर्चा: यह मामला अब लोगों के बीच हंसी और आश्चर्य का विषय बन गया है।

यह घटना न केवल अधिकारियों की लापरवाही को उजागर करती है, बल्कि बेरोजगारी की समस्या से जूझ रहे युवाओं की निराशा को भी दर्शाती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *