आजमगढ़ जिले के थाना फूलपुर अंतर्गत ग्राम बिलारमऊ में एक सरकारी पोखरा (तालाब) को स्थानीय अधिकारियों की कथित मिलीभगत से जेसीबी मशीनों की मदद से पाटा जा रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि यह प्लाटिंग कर बेचने की तैयारी के लिए किया जा रहा है।
बीती रात कई जेसीबी मशीनें लगातार चलती रहीं, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि इस संबंध में उन्होंने पहले ही जिलाधिकारी (डीएम) को लिखित आवेदन दिया था, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई और कार्रवाई नहीं की गई।
लोगों का सीधा आरोप है कि यह काम मुख्य रूप से दो व्यक्तियों – मोहम्मद दानिश (ग्राम फत्तनापुर, थाना सरायमीर) और अरुण यादव (ग्राम बनतरिया, खानजहापुर) द्वारा कराया जा रहा है। दोनों पर ग्रामीणों ने हिस्ट्रीशीटर होने और जिला बदर रह चुके होने का दावा किया है।
ग्रामीणों ने बताया कि पोखरा ग्राम सभा की सार्वजनिक संपत्ति है, जिसका उपयोग सिंचाई, पशुओं के लिए पानी और अन्य सामुदायिक जरूरतों के लिए होता है। इसका पटना पर्यावरण और ग्रामीणों के अधिकारों पर सीधा असर डालेगा।
स्थानीय लोग अब प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग कर रहे हैं, जिसमें जेसीबी मशीनों को रोकना, दोषियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करना और पोखरे को बहाल करना शामिल है। पुलिस और प्रशासन की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।


