– कृष्ण कुमार नोनिया (अखंड राष्ट्र)
धनबाद। ईस्ट बसुरिया ओपी क्षेत्र अंतर्गत खेमका कैरियर्स आउटसोर्सिंग माइंस में रविवार को दर्दनाक हादसा हुआ। ओबी पत्थर (ओवरबर्डन) गिरने से कोयला चुन रहे तीन लोग इसकी चपेट में आ गए। हादसे में सात नंबर निवासी छोटू भुइया की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं, उसके पड़ोस के बाघा भुइया के पैर में गंभीर चोटें आई हैं और पूजा कुमारी (निवासी – एक नंबर कॉलोनी) गंभीर रूप से जख्मी हो गईं। दोनों घायलों को स्थानीय लोगों की मदद से एसएसएनएमसीएच, धनबाद भेजा गया, जहां पूजा कुमारी की हालत नाजुक बताई जा रही है।
*अवैध कोयला कारोबार पर CISF की भूमिका पर सवाल*
स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि माइंस की सुरक्षा की जिम्मेदारी सीआईएसएफ की है, इसके बावजूद मजदूर अपनी जान जोखिम में डालकर कोयला चुनने को मजबूर हैं। मजदूरों द्वारा इकट्ठा किया गया कोयला साइकिल और मोटरसाइकिल सवार लोग सस्ते दामों में खरीद लेते हैं। बाद में वही कोयला सोरीताड़ स्थित चारदीवारी परिसर में बने काटे पर तौला जाता है और ट्रकों में लोड कर ऊंचे दामों पर बाहर भेजा जाता है।
*जिला परिषद सदस्य का बयान*
घटना को लेकर जिला परिषद सदस्य इसराफ़िल लाला ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि “इस मौत के लिए सीधा जिम्मेदार आउटसोर्सिंग प्रबंधन है। इलाके की अधिकांश समस्याओं की जड़ यही आउटसोर्सिंग कंपनियां हैं, जो सुरक्षा मानकों की धज्जियां उड़ाकर मजदूरों की जिंदगी से खिलवाड़ कर रही हैं।”
*स्थानीय आक्रोश*
हादसे के बाद इलाके में आक्रोश व्याप्त है। ग्रामीणों का कहना है कि जब तक आउटसोर्सिंग कंपनियां मजदूरों की सुरक्षा और क्षेत्र की समस्याओं को गंभीरता से नहीं लेंगी, तब तक ऐसी घटनाएं होती रहेंगी।
यह हादसा एक बार फिर से आउटसोर्सिंग माइंस में सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े करता है।

