सुप्रीम कोर्ट ने 27 मई 2025 को वक्फ (संशोधन) एक्ट, 2025 की संवैधानिक वैधता को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई टाल दी। कोर्ट ने कहा कि इस मामले में निष्पक्ष जांच जरूरी है। मुख्य न्यायाधीश बीआर गवई ने अंतरिम राहत पर फैसला सुरक्षित रखा।
यह एक्ट धार्मिक संपत्तियों के प्रबंधन को लेकर विवादों में है। याचिकाकर्ताओं का कहना है कि यह अल्पसंख्यक समुदायों के अधिकारों का हनन करता है। दूसरी ओर, सरकार ने इसे पारदर्शिता बढ़ाने वाला कदम बताया। इस मामले ने देश में व्यापक बहस छेड़ दी है।

