लखीमपुर खीरी: उत्तर प्रदेश में लखनऊ खंड स्नातक विधान परिषद चुनाव के दौरान लखीमपुर खीरी जिले से मतदाता पर्ची में कथित गड़बड़ी का मामला सामने आया है। सोशल मीडिया पर वायरल एक मतदाता पर्ची में जन्मतिथि 19 फरवरी 1910 दर्ज दिखाई दे रही है। इस तारीख के हिसाब से मतदाता की उम्र करीब 116 वर्ष बनती है। मामला सामने आने के बाद मतदाता सूची में दर्ज विवरणों की शुद्धता को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
मतदाता पर्ची में क्या दर्ज है?
वायरल पर्ची के अनुसार, मतदाता का नाम शिवम गुप्ता और पिता का नाम विनोद गुप्ता है। पर्ची पर पता शास्त्री नगर, लखीमपुर दर्ज है। इसमें जन्मतिथि 19 फरवरी 1910 लिखी हुई दिखाई देती है। इसके आधार पर मतदाता की उम्र 116 वर्ष के करीब बैठती है।
पर्ची पर मतदान की तारीख 23 अक्टूबर 2026 भी दर्ज है। मतदान स्थल के विवरण में लखीमपुर के विकास खंड कार्यालय का उल्लेख दिखाई देता है। इस जानकारी के सोशल मीडिया पर प्रसारित होने के बाद मामला चर्चा में आ गया है।
उम्र को लेकर उठे सवाल
मतदाता पर्ची में दर्ज जन्मतिथि ने लोगों के मन में सवाल खड़े कर दिए हैं। क्या मतदाता की जन्मतिथि गलती से दर्ज हो गई, या मतदाता सूची तैयार करते समय किसी स्तर पर आंकड़ों की जांच में चूक हुई? फिलहाल इन सवालों का आधिकारिक जवाब सामने आना बाकी है।
यदि जन्मतिथि गलत दर्ज हुई है, तो संबंधित रिकॉर्ड का सत्यापन कर उसमें सुधार किया जाना जरूरी होगा। हालांकि, केवल पर्ची पर दर्ज तारीख के आधार पर यह निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता कि मतदाता की वास्तविक उम्र 116 वर्ष ही है।
निर्वाचन व्यवस्था पर उठे सवाल
मतदाता सूची किसी भी चुनाव की महत्वपूर्ण कड़ी होती है। इसमें नाम, जन्मतिथि और अन्य विवरण सही होना आवश्यक है, ताकि चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता बनी रहे। इस तरह की कथित गड़बड़ी सामने आने पर संबंधित अधिकारियों से रिकॉर्ड की जांच और वास्तविक स्थिति स्पष्ट करने की अपेक्षा की जाती है।
लखनऊ खंड स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव में मतदाता पर्ची से जुड़ा यह मामला प्रशासनिक स्तर पर जांच की जरूरत की ओर ध्यान दिलाता है। यदि रिकॉर्ड में त्रुटि की पुष्टि होती है, तो उसे नियमानुसार ठीक किया जाना चाहिए।


