जौनपुर। जनपद के सुप्रसिद्ध समाजसेवी और प्रखर भाजपा नेता ज्ञान प्रकाश सिंह के सेवा कार्यों की गूंज अब सम्मान के रूप में सुनाई दे रही है। रविवार को कैलाशपति गोधना में आयोजित एक भव्य कार्यक्रम में समरस फाउंडेशन, मुंबई द्वारा उन्हें उत्कृष्ट सामाजिक सेवाओं के लिए ‘जौनपुर गौरव सम्मान’ से अलंकृत किया गया। इस गरिमामयी समारोह में जिले के प्रबुद्ध वर्ग और पत्रकारों की भारी उपस्थिति रही।
“जहाँ सरस्वती और लक्ष्मी दोनों का वास हो, वह व्यक्तित्व विरले है”
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि, वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के पत्रकारिता विभाग के अध्यक्ष प्रो. डॉ. मनोज मिश्रा ने श्री सिंह के व्यक्तित्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि ज्ञान प्रकाश सिंह जैसे महामना व्यक्तित्व को सम्मानित करके आज स्वयं ‘सम्मान’ गौरवान्वित महसूस कर रहा है। उन्होंने कहा, “प्रायः देखा जाता है कि जहाँ लक्ष्मी की कृपा होती है वहाँ सरस्वती का अभाव रहता है, लेकिन ज्ञान प्रकाश सिंह उन विरले लोगों में से हैं जिन पर दोनों देवियों का आशीर्वाद है। वह एक संवेदनशील रचनाकार भी हैं और समाज की व्यथा को समझने वाले युग पुरुष भी।”
परोपकार की प्रतिमूर्ति: मंदिर जीर्णोद्धार से लेकर जनसेवा तक
प्रो. मिश्रा ने आगे कहा कि श्री सिंह ने अपना जीवन परोपकार के लिए समर्पित कर दिया है। वादा करके पीछे हटने वालों के दौर में ज्ञान प्रकाश सिंह ने सैकड़ों मंदिरों का जीर्णोद्धार कराया और अनगिनत असहाय लोगों की मदद की है, वह भी बिना किसी प्रचार की लालसा के।
मुंबई से यूपी तक सेवा का डंका
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे मुंबई के वरिष्ठ समाजसेवी पं. राधेश्याम तिवारी ने कहा कि ज्ञान प्रकाश सिंह ने मुंबई से लेकर उत्तर प्रदेश तक नि:स्वार्थ भाव से जो कार्य किए हैं, उनकी गिनती करना कठिन है। उन्होंने कहा कि उनके नेक कार्यों की चर्चा अक्सर अखबारों की सुर्खियों में रहती है और जब वह मुंबई में नहीं होते, तो वहां का समाज उन्हें बहुत याद करता है।
सम्मान पत्र में सिमटीं प्रेरणादायक गाथाएं
आयोजक समरस फाउंडेशन के महासचिव शिवपूजन पाण्डेय ने भावुक होते हुए कहा कि यह सम्मान पिछले एक वर्ष से अपने योग्य पात्र की प्रतीक्षा कर रहा था। आज एकादशी के पावन अवसर पर यह प्रतीक्षा समाप्त हुई। उन्होंने कहा कि श्री सिंह के कार्यों की विशालता ऐसी है कि उन्हें किसी एक सम्मान पत्र या डायरी के पन्नों में समेटना असंभव है।
गरिमामयी उपस्थिति
इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि के रूप में वरिष्ठ पत्रकार लोलारक दुबे, डॉ. मंगलेश्वर (मुन्ना) त्रिपाठी, डॉ. मधुकर तिवारी समेत पत्रकार रामदयाल द्विवेदी, देवी सिंह, चंद्रकांत दुबे, अंकित जायसवाल, शिवा सिंह, अजय शुक्ला, विवेक मिश्रा और विनीत तिवारी सहित कई गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। कार्यक्रम का कुशल संचालन पत्रकार प्रमोद पांडे ने किया।

