By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
Akhand Rashtra NewsAkhand Rashtra NewsAkhand Rashtra News
  • होम
  • राज्य
    • उत्तराखंड
    • बिहार
    • पश्चिम बंगाल
    • मध्य प्रदेश
    • गुजरात
    • महाराष्ट्र
    • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • अपराध
  • साहित्य
  • धर्म
  • एक्सक्लूसिव
  • सम्पादकीय
  • ई पेपर
Reading: पाखंडी संतो के चलते कमजोर होता हिंदुत्व
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
Akhand Rashtra NewsAkhand Rashtra News
Font ResizerAa
  • होम
  • राज्य
    • उत्तराखंड
    • बिहार
    • पश्चिम बंगाल
    • मध्य प्रदेश
    • गुजरात
    • महाराष्ट्र
    • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • अपराध
  • साहित्य
  • धर्म
  • एक्सक्लूसिव
  • सम्पादकीय
  • ई पेपर
Have an existing account? Sign In
Follow US
© 2008 - 2026 Akhand Rashtra News All Rights Reserved. Proudly Made By Akshant Media Solution
Akhand Rashtra News > राज्य > महाराष्ट्र > पाखंडी संतो के चलते कमजोर होता हिंदुत्व
महाराष्ट्र

पाखंडी संतो के चलते कमजोर होता हिंदुत्व

Akhand Rashtra
Last updated: September 6, 2023 8:50 am
Akhand Rashtra
3 years ago
Share
SHARE

–डॉ वागीश सारस्वत

मुंबई। देश में बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी और भ्रष्टाचार के बीच जो सबसे ज्यादा पल्लवित और विकसित दिखाई दे रहा है– वह पाखंडी साधु और संतों की बढ़ती जमात है। देखते ही देखते गली छाप आदमी करोड़पति बन जाता है। इनकी धुआंधार कमाई के आगे बड़े-बड़े नेता और आईएएस अधिकारी फेल हैं। धार्मिक कवच और राजनीतिक संरक्षण के चलते ना तो इन्हें करोड़ों की कमाई का टैक्स चुकाना है और ना ही इन्हें ईडी, सीबीआई या आयकर विभाग के छापे का डर है। इनके मुखारविंद से भगवत भजन कम, घृणा ,नफरत और राजनीति के शब्द ज्यादा निकल रहे हैं। पूरी तरह से राजनीतिक हथियार के रूप में तब्दील हो चुके इन कथित संतों द्वारा दोनों हाथों से उसी धन-दौलत को बटोरने का काम निर्बाध रूप से किया जा रहा है,जिनको ये ईश्वर के मार्ग का रोड़ा बताते हैं। सरकार द्वारा लाइसेंस प्राप्त ये पाखंडी कहने के लिए तो लोगों के बीच जाकर सनातन धर्म का प्रचार-प्रसार कर रहे हैं, परंतु जमीनी हकीकत कुछ और है। उनके पीए ( एजेंट) पहले लोगों से लिफाफे की बात करते हैं फिर उनके घर जाते हैं। यही कारण है कि ये पाखंडी संत सिर्फ धनवान लोगों के यहां ही जा रहे हैं, जहां आम आदमी दूर-दूर तक नजर नहीं आता। आम आदमी के मन में हिंदुत्व को लेकर जो भेदभाव रहित अवधारणा बनी हुई थी, वह पूरी तरह से टूटती हुआ नजर आ रही है। हिंदुत्व निरंतर कमजोर होता जा रहा है, क्योंकि हिंदू समाज का 70 प्रतिशत से अधिक वर्ग पाखंडी संतो की ड्रामेबाजी देखकर अपने आप को हिंदुत्व की परिधि से बाहर करता जा रहा है । इनको लाइसेंस देने वाले लोगों को इस गंभीरता का अंदाजा नहीं है कि आने वाले दिनों में यह उनके लिए भी बड़ा नुकसान करने जा रहे हैं। हिंदुत्व को संगठित करने की बात छोड़िए ये पाखंडी संत जातियों में भी अंतर जातियां पैदा कर रहे हैं।महाराष्ट्र संतों की भूमि रही है। संत तुकाराम, संत ज्ञानेश्वर, संत रामदास जैसे महान संतों की परंपरा पूरी तरह से बिखर चुकी है। सरकारी जमीनों पर कब्जा करना, आसपास हथियारबंद सुरक्षा व्यवस्था रखना, आम आदमी को कोसों दूर रखना, किसी तरह का टैक्स न देना, अपने शिष्यों से हमले करवा देना, राष्ट्रीय आपदाओं में चुप्पी साध लेना, खुद का महिमा मंडन कराना, भगवान के नाम पर सारा चढ़ावा खुद लेना, महान धार्मिक ग्रंथों में भी कमी निकलना, राजनीतिक भविष्यवाणी करना जैसी अनेक आदतों के चलते ये पाखंडी संत सिर्फ एक विशेष वर्ग के ही भीतर अंधविश्वास फैलाने में सफल हो पा रहे हैं। बधाई देनी होगी आदिवासी ,दलितों और पिछड़े लोगों को जो इनके झांसे में नहीं आते और अपने पसीने की मेहनत की कमाई इन पर नहीं लुटाते।

You Might Also Like

लाल बहादुर यादव “कमल” के गीत संग्रह “मनवीणा” का विमोचन संपन्न
कोंढवा में ड्रग्स तस्करी का पर्दाफाश
उद्योगपति महेंद्र मिश्रा ने उभासं को दान की ढाई लाख की धनराशि
राज्यपाल रमेश बैस ने किया वाग्धारा कला महोत्सव का उद्घाटन
जनकल्याण संस्था द्वारा मीरारोड में सार्वजनिक संगीतमय श्री रामकथा सप्ताह का आयोजन
Share This Article
Facebook Email Print
Previous Article बीएमसी शिक्षण विभाग का मुशायरा और कवि सम्मेलन सम्पन्न
Next Article कविता : कृष्णा तुम बंसी क्यूँ नहीं बजाते …
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Recent Posts

  • AIIMS की ऐतिहासिक पहल: एम्स नई दिल्ली में भारत की पहली पोर्टेबल बेडसाइड MRI प्रणाली हुई शुरू
  • West Bengal Election 2026: सुप्रीम कोर्ट से TMC को बड़ा झटका, मतगणना में केंद्रीय कर्मचारियों की तैनाती पर दखल देने से किया इनकार
  • Chhattisgarh के कांकेर में बड़ा हादसा: IED ब्लास्ट में DRG के 3 जवान शहीद, तलाशी अभियान के दौरान हुई घटना
  • Assam Election 2026: ’70 से ज्यादा सीटें जीतकर सरकार बनाएगा विपक्ष’, अखिल गोगोई ने एग्जिट पोल को नकारा
  • West Bengal Election 2026: मतगणना में संविदा कर्मियों की ड्यूटी पर मचा सियासी बवाल, सुवेंदु अधिकारी ने चुनाव आयोग से की सख्त कार्रवाई की मांग

Recent Comments

  1. Akhand Rashtra on उत्कृष्ट शिक्षा की अलख जगाने के लिए मुंबई के वकील ने गांव में खोला स्कूल
  2. Akhand Rashtra on चलती ट्रेन में गोलीबारी, RPF के ASI और 3 यात्रियों की मौत, जयपुर-मुंबई ट्रेन में पालघर के पास फायरिंग
  3. Bhaskar Singh on माता भाग्यलक्ष्मी के दर्शनोपरांत रामराज्य सभा का समापन
  4. Ryan F on चलती ट्रेन में गोलीबारी, RPF के ASI और 3 यात्रियों की मौत, जयपुर-मुंबई ट्रेन में पालघर के पास फायरिंग
  5. AlyciaH on उत्कृष्ट शिक्षा की अलख जगाने के लिए मुंबई के वकील ने गांव में खोला स्कूल
about us

We influence 20 million users and is the number one business and technology news network on the planet.

© 2008 - 2026 Akhand Rashtra News All Rights Reserved. Proudly Made By Akshant Media Solution
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?

Not a member? Sign Up