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Reading: *काबिलियत को सलाम यूपी की 102 साल की दादी इंटरनेट की नई सुपर स्टार,कभी नहीं गईं स्कूल,आज 15 मिलियन से अधिक व्यूवर्स।*
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Akhand Rashtra News > उत्तर प्रदेश > *काबिलियत को सलाम यूपी की 102 साल की दादी इंटरनेट की नई सुपर स्टार,कभी नहीं गईं स्कूल,आज 15 मिलियन से अधिक व्यूवर्स।*
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*काबिलियत को सलाम यूपी की 102 साल की दादी इंटरनेट की नई सुपर स्टार,कभी नहीं गईं स्कूल,आज 15 मिलियन से अधिक व्यूवर्स।*

Omkar Tripathi
Last updated: August 3, 2025 9:45 pm
Omkar Tripathi
8 months ago
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प्रतापगढ़। पढ़कर आप अचंभित होंगे,लेकिन सच है। 102 साल की दादी की पाठशाला अनूठी है,जहां अनुभव किताबें हैं और सादगी पाठ्यक्रम है।दादी इंटरनेट की सुपर स्टार बन चुकी हैं। 15 मिलियन से अधिक इनके व्यूवर्स हैं।इंटरनेट मीडिया पर अब तक 1200 से ज्यादा वीडियो अपलोड हो चुके हैं।

उत्तर प्रदेश के बड़के जिले प्रतापगढ़ के बाबा बेलखरनाथ धाम के खूंझीकल गांव की दादी शांति देवी सिंह पर उमर सिर्फ एक संख्या है,ये कहावत सटीक बैठ रही है।दादी 102 साल की हैं,लेकिन इनकी ऊर्जा के आगे युवक फेल हैं।कभी स्कूल नहीं देखा,आज इंटरनेट की दुनिया में दादी के अनुभव के स्कूल में लाखों लोग शामिल हो चुके हैं,विद्यार्थी,प्रशंसक और अनुयायी,उनकी आंखों ने इतिहास को जीते हुए देखा है।

देश को गुलामी की जंजीरों से आजादी मिलते हुए दादी ने देखा है,स्वतंत्रता दिवस की पहली सुबह की रोशनी को देखा है।अब उनकी आंखें मोबाइल कैमरे के सामने चमकती हैं,दादी अपनी ठेठ अवधी में जीवन का सार बताती हैं।दादी की सुबह का रूटीन योगी से कम नहीं है। सुबह छह बजे उठकर नित्यक्रिया के बाद,मोरों को दाना डालना,आंवले के बाग में भ्रमण और फिर राम-नाम का जाप।इस दिनचर्या में न कोई दिखावा है,न कोई छल,बस मिट्टी से जुड़ी एक सच्ची जिंदगी है।

दादी का बात करने का ठेठ मौलिक अंदाज को देखकर पड़ोसी श्रीकांत तिवारी ने अगस्त 2024 में इनका एक वीडियो बनाकर इंटरनेट मीडिया पर पोस्ट कर दिया।सीधी आवाज,सच्ची बात और अंदाज दिल को छू लेने वाला लोगों को जैसे जीवन की सादगी का खजाना मिल गया।देखते ही देखते दादी के वीडियो वायरल हो गए,इंटरनेट मीडिया पर अब तक 1200 से ज्यादा वीडियो, 15 मिलियन से अधिक व्यूवर्स हैं।दादी की बोली में लोक है,ज्ञान है,समाज के लिए एक सीख है।दादी जब बोलती हैं,हे बेटवा, हमका रुपइया-पइसा काहे का…सब तौ तोहरे सबकै दीन,तो हर शब्द दिल में उतर जाता है।दादी कहती हैं,हमका तौ कुछू पता न रहन इनही श्रीकांत मोबाइलवा से परदेश तक पहुंचाइ देहेन।

दादी से जब लोग पूछ्ते हैं.जब यूट्यूब वाले आपको पैसे देंगे तो उसका क्या करोगी,इस पर दादी अपने ही अंदाज में कहती हैं हे बेटवा हम का करब रुपिया-पइसा।अरे सब तोहरै सबकै दीन तौ खात-पहिरत अही,हमका कुछ न चाही,सब केहू खात कमात रहा।दादी को इंटरनेट मीडिया के बारे में जानकारी नहीं है,लेकिन वह इतना जरूर बताती हैं।हम आपन बतिया मोबइलिया मा सुनिथे। अब हमसे मिलै शृंगवेरपुर,मुंबई, बनारस,चित्रकूट,लखनऊ,जौनपुर,सुलतानपुर,अमेठी पता नहीं कहां-कहां से लोग आवै लागेन।हमार हालचाल पूछि के हमसे बात करै आवत थें।दादी पीएम मोदी बारे में कहा कि अरे ओनका के नाहीं जानत,ओ तौ दुनिया के मालिक अहीं।

इंटरनेट मीडिया पर सुर्खियां बटोर रहीं दादी शांति देवी सिंह के अंदाज और दुलार को उनका परिवार भी खूब पसंद करता है। घर वाले अक्सर आने वाले यूट्यूबर्स का स्वागत करते हैं। दादी की सुविधाओं और जरूरतों का ठीक से ख्याल रखते हैं।दादी की देखरेख में बेटे अशोक सिंह,बहू सुधा,पौत्रवधू नेहा,पौत्र दिव्यांश,शिवांस लगे रहते हैं।

दादी के वीडियो बनाकर उनको चर्चा में लाने वाले श्रीकांत तिवारी को दादी बहुत स्नेह देती हैं। श्रीकांत बताते हैं कि मेरी दादी बहुत पहले इस दुनिया से चली गई थीं,दादी की बातें अच्छी लगती हैं,इसलिए वीडियो बनाते हैं।अपनी बोली-भाषा भी इससे समृद्ध हो रही है।उनके बोलने का अंदाज और अपनापन मुझे बहुत अच्छा लगा।इसके बाद मुझे लगा कि दादी का यह मौलिक अंदाज अगर इंटरनेट मीडिया पर चला दिया जाए तो हो सकता है कि बात बन जाए, बस इसी से शुरुआत हुई।

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