- ओमकार त्रिपाठी (अखंड राष्ट्र)
11 जून 2025 को X पर #28PercentGST और #ACTax ट्रेंड कर रहा है, जहां लोग एयर कंडीशनर (AC) पर 28% GST को लेकर केंद्र सरकार की खिंचाई कर रहे हैं। गर्मी की तपिश में AC को अब जरूरत माना जा रहा है, लेकिन सरकार इसे ‘लक्जरी आइटम’ की श्रेणी में रखकर 28% टैक्स वसूल रही है। X पर यूजर्स ने इसे ‘लूट’ और ‘गब्बर सिंह टैक्स’ करार दिया है। एक यूजर ने लिखा, “45 डिग्री में AC लक्जरी है? सरकार को गर्मी में बिना AC संसद में बैठने को कहो!” दूसरों ने वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण पर निशाना साधते हुए कहा, “AC पर 28% GST, लेकिन अमीरों का कॉरपोरेट टैक्स 30% से 22%? वाह, मिडिल क्लास की जेब कटाई!
“इस ट्रेंड की शुरुआत हाल की गर्मी और बिजली की बढ़ती मांग से हुई। एक रिपोर्ट के मुताबिक, भारत में केवल 7% घरों में AC है, जबकि सऊदी अरब में 63% और चीन में 62% है। यूजर्स ने तंज कसा कि सरकार जलवायु परिवर्तन की बात तो करती है, लेकिन AC को सस्ता करने की बजाय टैक्स बढ़ाकर CO2 उत्सर्जन कम करने की ‘बकवास’ करती है।
उदाहरण के लिए, ₹35,000 के AC पर ₹9,800 GST लगता है। 31.2% इनकम टैक्स के बाद, इसे खरीदने के लिए ₹65,000+ कमाना पड़ता है, यानी 50% प्रभावी टैक्स! विपक्षी नेताओं, जैसे राहुल गांधी और अखिलेश यादव, ने भी इसे ‘मिडिल क्लास के खिलाफ हथियार’ बताया।
सरकार का तर्क है कि 28% GST लक्जरी वस्तुओं के लिए है, और राजस्व जरूरी है। लेकिन X पर लोग पूछ रहे हैं, “जब गर्मी में प्रोडक्टिविटी और मेंटल हेल्थ प्रभावित हो रही है, तो AC लक्जरी कैसे?” ट्रोल्स में मीम्स की बाढ़ है, जैसे “GST = गर्मी से तड़पाओ, सीतारमण टैक्स!

