–ओमकार त्रिपाठी
जौनपुर: पट्टीनरेंद्रपुर के मुख्य बाजार में सड़क तो बन चुकी है, लेकिन सड़क के किनारे खोदी गई नालियों का निर्माण अधूरा रहने से स्थानीय लोगों, दुकानदारों और पुलिस की मुश्किलें बढ़ गई हैं। पिछले छह महीने से अधिक समय से नाली निर्माण का काम रुका हुआ है, और अब बारिश का मौसम नजदीक आने से चिंताएं बढ़ रही हैं। खुले नाले न केवल आवागमन को मुश्किल बना रहे हैं, बल्कि दुर्घटनाओं का खतरा भी पैदा कर रहे हैं। ठेकेदारों की लापरवाही के कारण अगर कोई दुर्घटना होती है, तो इसका सबसे ज्यादा खामियाजा स्थानीय पुलिस को भुगतना पड़ेगा, जो पहले से ही ट्रैफिक और सुरक्षा व्यवस्था को संभालने में जुटी है।
स्थानीय दुकानदारों का कहना है कि नाली निर्माण का काम शुरू होने के बाद से उनकी दुकानों का कारोबार प्रभावित हुआ है। ओमप्रकाश मोदनवाल ने बताया, “सड़क तो बन गई, लेकिन खुले नालों की वजह से ग्राहक आने में हिचक रहे हैं” अनूप सोनी ने शिकायत की कि खुले नालों में गंदा पानी जमा हो रहा है, जिससे बदबू और मच्छरों की समस्या बढ़ गई है। कमलेशचंद्र बरनवाल ने कहा, “छह महीने से नाली का काम रुका हुआ है, और ठेकेदार या प्रशासन की ओर से कोई जवाब नहीं मिल रहा।” विनोद सिंह ने चिंता जताई कि बारिश शुरू होने पर खुले नाले पानी से भर जाएंगे, जिससे सड़क पर फिसलन और दुकानों को नुकसान हो सकता है।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि सड़क बनने के बावजूद नालियों का काम अधूरा रहने से पैदल चलना जोखिम भरा हो गया है। खासकर बच्चों और बुजुर्गों के लिए खुले नाले खतरा बन रहे हैं। बारिश का मौसम आने से पहले अगर नालियां ढकी नहीं गईं, तो जलभराव की समस्या बढ़ सकती है, जिससे ट्रैफिक व्यवस्था बिगड़ेगी और इसका सीधा असर पुलिस पर पड़ेगा। ट्रैफिक जाम या अन्य समस्याओं की स्थिति में पुलिस को ही अतिरिक्त परेशानी उठानी पड़ेगी।
स्थानीय पुलिस का कहना है कि ठेकेदारों की लापरवाही ने उनकी जिम्मेदारियां बढ़ा दी हैं। एक पुलिस अधिकारी ने बताया, “खुले नालों की वजह से अगर कोई दुर्घटना होती है, तो हमें ही जवाब देना पड़ेगा। साथ ही, ट्रैफिक व्यवस्था बनाए रखने में भी दिक्कत हो रही है।” उन्होंने प्रशासन और ठेकेदारों से जल्द से जल्द काम पूरा करने की अपील की है।
प्रशासन ने बताया कि बजट की कमी और ठेकेदारों की लापरवाही के कारण नाली निर्माण में देरी हुईp है। हालांकि, उन्होंने आश्वासन दिया कि जल्द ही काम शुरू होगा। लेकिन स्थानीय लोग, दुकानदार और पुलिस इस जवाब से संतुष्ट नहीं हैं।
लोगों और पुलिस ने प्रशासन से मांग की है कि नाली निर्माण का काम जल्द पूरा किया जाए और खुले नालों को ढकने के लिए तत्काल कदम उठाए जाएं। साथ ही, बारिश से पहले जल निकासी की उचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि बाजार और आसपास के इलाकों में जलभराव की समस्या न हो और पुलिस पर अतिरिक्त बोझ न पड़े।
अब देखना यह है कि प्रशासन और ठेकेदार इस समस्या का समाधान कितनी जल्दी कर पाते हैं, या फिर पट्टीनरेंद्रपुर का मुख्य बाजार और स्थानीय पुलिस खुले नालों की समस्या से जूझते रहेंगे।

