सिकरारा | विद्युत उपकेंद्र के समीप स्थित सिकरारा थाना परिसर पिछले पांच दिनों से अंधेरे में डूबा हुआ है। विद्युत उपकेंद्र में लगे 25 केवीए के एक ट्रांसफार्मर से थाना परिसर में विद्युत सप्लाई होती है,उक्त ट्रांसफार्मर जल जाने के कारण थाना परिसर में बिजली आपूर्ति पूरी तरह ठप है, जिससे न केवल थाने के दैनिक कार्य प्रभावित हो रहे हैं,बल्कि पुलिसकर्मियों और आम जनता को भी भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बिजली के अभाव में पेयजल आपूर्ति भी बाधित है,जिससे थाना परिसर में पीने के पानी की किल्लत पैदा हो गई है, पुलिस कर्मी आपस मे चंदा जुटा कर जेनरेटर में डीजल भरवा कर ऑफिस के जरूरी काम के साथ साथ अपने बैरक में लगे इन्वर्टर चार्ज करने को विवश है।पुलिस कर्मियों की माने तो विद्युत सप्लाई बाधित होने की सूचना उपकेंद्र के अवरअभियंता (जेई) को कई बार दी गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। जेई की उदासीनता के कारण समस्या जस की तस बनी हुई है। थाना परिसर में बिजली न होने से रात में कार्यालय का कामकाज लगभग ठप हो गया है। कंप्यूटर, पंखे, और अन्य जरूरी उपकरण बंद पड़े हैं, जिससे शिकायतों का निपटारा और अन्य प्रशासनिक कार्य प्रभावित हो रहे हैं।थाने में तैनात पुलिसकर्मियों का कहना है कि बिजली के अभाव में गर्मी और उमस में ड्यूटी करना मुश्किल हो गया है। एक पुलिसकर्मी ने नाम न छापने की शर्त पर बताया, “पांच दिन से बिजली नहीं है। पानी की भी समस्या हो गई है। हमारी शिकायतों पर बिजली विभाग के जेई कोई ध्यान नहीं दे रहे।” वहीं, थाने में शिकायत दर्ज कराने आने वाले लोगों को भी अंधेरे में बैठकर अपनी बात रखनी पड़ रही है, जिससे उनकी परेशानी और बढ़ गई है।स्थानीय निवासियों ने भी बिजली विभाग की लापरवाही पर नाराजगी जताई है। एक स्थानीय व्यक्ति ने कहा कि, “थाना परिसर ही अगर अंधेरे में डूबा रहेगा, तो आम जनता की समस्याओं का समाधान कैसे होगा? बिजली विभाग को तुरंत इस दिशा में कदम उठाना चाहिए।”इस मामले में जब बिजली विभाग के जेई मुलायम सिंह यादव से बात की गई तो उन्होंने बताया स्टोर से ट्रांसफार्मर आ गया लेकिन कर्मियों की लापरवाही के चलते ट्रान्सफार्मर पोल पर चढ़ाने के सामान नही आ सका है,कल तक ट्रांसफार्मर अवश्य लग जाएगा।खबर लिखे जाने तक ट्रांसफार्मर नहीं लगाया गया था।

