जगदीशपुर (अमेठी)। स्थानीय बस अड्डा इन दिनों विवादों और अव्यवस्थाओं का केंद्र बन चुका है। आए दिन प्राइवेट और सरकारी वाहन चालकों के बीच तीखी बहस और मारपीट की घटनाएं हो रही हैं, लेकिन प्रशासन पूरी तरह मूकदर्शक बना बैठा है।
बस अड्डा अब नियमित बसों का पड़ाव कम और प्राइवेट गाड़ियों का स्टेशन ज्यादा बन गया है। विभागीय अधिकारी और शासन-प्रशासन की निष्क्रियता से हालात बिगड़ते जा रहे हैं। यात्रियों को न तो समय पर बसें मिल पा रही हैं, न ही कोई व्यवस्था दिख रही है।
स्थानीय लोगों और यात्रियों का कहना है कि प्रशासन को तत्काल हस्तक्षेप कर व्यवस्था बहाल करनी चाहिए, वरना स्थिति और भी गंभीर हो सकती है।

