एक साथ एकत्रित हुए महामना की तपोभूमि ने निकले छात्र रूपी हीरे, जो आज वर्तमान को नई दिशा देते हुए इन्हें अभिसिंचित करके क्षेत्रों में स्थापित किए हैं किर्तिमान।
*वाराणसी।* काशी हिन्दू विश्वविद्यालय वाराणसी के पूर्व छात्रों का एक सुन्दर समागम विगत कई वर्षों से आयोजित किया जाता रहा है। गत वर्ष से इसे मासिक मिलन समारोह के रूप में आयोजित करने एवं लगभग 40-50 वर्षों से बिछड़े मित्रो का एक जगह उपस्थित होकर छात्रावासीय जीवन को याद कर आपसी बतकहियों के साथ साथ कुछ स्वरचित सेरो शायरी, कविताएं, समसामयिक रचनाओं का आनन्द सहित कुछ रचनात्मक कार्यों को सामुहिक रूप से प्रस्तुत /सम्पन्न किया जाता है।
बताते चलें कि इसी कड़ी में आज 27-जुलाई 2025 दिन रविवार को ‘काशी – मित्र मिलन समागम’ के बैनर तले ‘मनु मंगला कुंज’ अभिनव विहार कालोनी-भिटी, रामनगर में एक ज्वलंत विषय ‘ज्ञानवापी का सच’ पर डा. सोहन लाल आर्य के व्याख्यान एवं डॉ. अरुण कुमार श्रीवास्तव, डॉ. सुदामा सिंह, डॉ. बीजेन्द्र पान्डेय द्वारा भी अपने सारगर्भित विचार ब्यक्त कर अनेकानेक धार्मिक स्थल से जुड़े समस्याओं की तरफ लोगों का ध्यान आकृष्ट कराया जो दूरदर्शी एंव जन उपयोगी रूप में रहा।
कार्यक्रम में गोष्ठी की अध्यक्षता सेवा निवृत्त डायरेक्टर विजिलेंस- पूर्व छात्र मणिन्द्र नाथ राय एवं संचालन डॉ शंभूनाथ शास्त्री तथा धन्यवाद ज्ञापित सेवा निवृत्त रिजनल डायरेक्टर इग्नू, पूर्व छात्र डॉ अवध नारायण ञिपाठी द्वारा किया गया। इसके पश्चात द्वितीय सत्र में डॉ. शम्भू नाथ शास्त्री, डॉ. सुदामा सिंह के भोजपुरी काब्य पाठ, आलोक श्रीवास्तव, डॉ. श्रीकांत पांडेय, जय प्रकाश दुबे, डॉ. राजेश श्रीवास्तव,डॉ. बीजेन्द्र पान्डेय के लोकगीत ने मनमुग्ध करते हुए सबका मन मोह लिया।
भव्य आयोजन के इस कार्यक्रम के अंत में जौनपुर के राजा श्रीकृष्ण दत्त पीजी कालेज के पूर्व प्राचार्य प्रो. कैप्टन डा. अखिलेश्वर शुक्ला एवं पूर्व छात्रा-अधिवक्ता पटना उच्च न्यायालय मती प्रियंका, के साथ साथ डॉ. अनिल कुमार सिंह, अतुल मिश्रा, डॉ. नृपेन्द्र सिंह, डॉ. दीनबंधु तिवारी, मनीष गुप्ता, डॉ. सुरेन्द्र राय सहित समस्त उपस्थित साथियों ने बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण का पूनित कार्य भी सम्पन्न किया। तमाम तरह के क्रियाकलापों एंव हर्षोल्लासों के पश्चात इस वर्ष का महामना के पुत्रों का मनमोहक कार्यक्रम सम्पन्न हुआ।

