मुंबई, 2 अगस्त 2025 – मुंबई में आयोजित ग्लोबल बिजनेस लीडर्स समिट 2025 का भव्य और सफल समापन हुआ। जीटीएफ बेंगलोर द्वारा आयोजित इस प्रतिष्ठित वैश्विक व्यापार मंच ने दूरदर्शी नेताओं, नीति निर्माताओं, और नवप्रवर्तकों को एक साथ लाकर व्यवसाय और समाज की दिशा को आकार देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
इस वर्ष के समिट का थीम ‘डिसरप्शन, डेवलपमेंट और डायवर्सिफिकेशन’ रहा, जिसने भारत को वैश्विक आर्थिक मंच पर एक अभूतपूर्व सफलता के रूप में स्थापित किया।
– प्रमुख चर्चाएँ: समिट में 2 सत्रों में पैनल चर्चाओं, और इंटरैक्टिव कार्यशालाओं के माध्यम से कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), डिजिटल परिवर्तन, और सतत विकास जैसे विषयों पर गहन विचार-विमर्श हुआ।
– भारत की प्रगति पर जोर:
शिक्षा, स्वास्थ्य, और डिजिटल बुनियादी ढांचे में भारत की उपलब्धियों को रेखांकित किया। उदाहरण के लिए, असम के बारपेटा में प्राथमिक स्कूलों में छात्र-शिक्षक अनुपात 26% से बढ़कर 100% हो गया है, और उत्तर प्रदेश के श्रावस्ती में बाल टीकाकरण 49% से 86% तक पहुंचा।
– नवाचार और निवेश:
समिट ने भारत को नवाचार और निवेश के वैश्विक केंद्र के रूप में स्थापित किया, जिसमें स्थिर नीतियों और नवाचार के लिए अनुकूल माहौल पर संवाद किया।
जीटीएफ के निदेशक अमित जैन ने कहा, “ग्लोबल बिजनेस समिट एक आंदोलन बन चुका है, जो वैश्विक व्यापार और सामाजिक परिवर्तन को गति दे रहा है। यह मंच न केवल विचारों का आदान-प्रदान करता है, बल्कि सहयोग और प्रगति को भी प्रेरित करता है।”
निष्कर्ष:
ग्लोबल बिजनेस लीडर्स समिट 2025 ने भारत को वैश्विक नवाचार और आर्थिक विकास के केंद्र के रूप में स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। यह आयोजन न केवल व्यापारिक रणनीतियों को आकार देने में सफल रहा, बल्कि भारत के उज्ज्वल भविष्य के लिए एक नई दृष्टि भी प्रस्तुत किया।

