मंडल पदाधिकारियों ने विधायक रमेश सिंह पर लगाए गंभीर आरोप
ओमकार त्रिपाठी
जौनपुर | शाहगंज विधायक रमेश सिंह द्वारा रामलीला मैदान में शासन के सहयोग से 4और 5 दिसम्बर को आयोजित भव्य ‘शाहगंज महोत्सव 2025’ खुद विधायक के लिए राजनैतिक मुसीबत बन गया।
स्थानीय BJP के मंडल स्तर के कार्यकर्ताओं ने महोत्सव के दौरान उनके साथ हुए कथित अपमान पर नाराजगी जताई है। शाहगंज मंडल और सुईथाकलां मंडल के पदाधिकारियों ने नव निर्वाचित जिला अध्यक्ष अजीत प्रजापति से शिकायत की है कि विधायक रमेश सिंह ने जान बूझकर बीजेपी कार्यकर्ताओं को अपमानित किया गया है। बीजेपी कार्यकर्ताओं का आरोप है कि उन्हें आमंत्रित तो किया गया, लेकिन सम्मानित नहीं।

महोत्सव में BJP, निषाद पार्टी के नेताओं व पदाधिकारियों का स्वागत किया गया था। विधायक रमेश सिंह के सोशल मीडिया पोस्ट के अनुसार, यह आयोजन पर्यटन को बढ़ावा देने और सामूहिक विवाह जैसे कार्यक्रमों के साथ सांस्कृतिक उत्सव के रूप में संपन्न हुआ। लेकिन BJP के आंतरिक व्हाट्सएप ग्रुप ‘MLA 365’ (जो शाहगंज के BJP कार्यकर्ताओं का प्लेटफॉर्म है) में वायरल संदेशों से खुलासा हुआ है कि मंडल स्तर के कार्यकर्ता खुद को ठगा महसूस कर रहे हैं।
ग्रुप में पदाधिकारीयो ने लिखा, “विधायक ने शाहगंज महोत्सव में मंडल के कार्यकर्ताओं को बुलाया था लेकिन सुईथाकलां मंडल के जो भी कार्यकर्ता उपस्थित थे उन्हें नजरअंदाज किया गया ” उन्होंने आगे बताया कि सुईथाकलां मंडल के कार्यकर्ताओं का सम्मान करने के लिए 12:00 बजे बुलाया गया था, लेकिन शाम 4:30 बजे तक भी कार्यकर्ताओं का सम्मान नहीं किया गया। इससे कार्यकर्ताओं को अपमानित महसूस हुआ।
वॉट्सएप ग्रुप में ओपी तिवारी नामक कार्यकर्ता ने लिखा है कि, इस तरह मंडल के कार्यकर्ताओं को अपमानित करने का तरीका गलत है।” कार्यकर्ताओं ने इसे पार्टी के संगठनात्मक कार्यों का अपमान बताते हुए कहा कि “संगठन को कार्यकर्ता का अपमान बरदाश्त नहीं, हमारे लिए संगठन ही सर्वोपरि है।
ग्रुप में एक लिस्ट भी शेयर की गई, जिसमें विभिन्न कार्यकर्ताओं के नाम, पद और संपर्क नंबर दिए गए हैं,
“शाहगंज महोत्सव में सभी मंडल के कार्यकर्ताओं को बुलाया था लेकिन सुईथाकलां मंडल और शाहगंज मंडल के कार्यकर्ता का जानबूझकर अपमान किया गया है |
जिस संगठन किसी भी कीमत पर नजर अंदाज नहीं करेगा।

कार्यकर्ताओं का कहना है कि विधायक रमेश सिंह, जो शाहगंज विधानसभा क्षेत्र से निषाद पार्टी के टिकट पर 2022 में चुने गए हैं, बीजेपी के विधायक भी नहीं हैं, फिर भी उन्होंने मंडल स्तर के BJP कार्यकर्ताओं को नजरअंदाज किया। जिला अध्यक्ष अजीत प्रजापति से शिकायत के बाद मामला अब पार्टी स्तर पर उठ चुका है।
BJP जिला अध्यक्ष अजीत प्रजापति और विधायक रमेश सिंह के तरफ से अभी तक कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली है। महोत्सव के आयोजन में जिलाधिकारी दिनेश चंद्र सिंह, एसपी डॉ. कौस्तुभ और अन्य अधिकारियों की भूमिका की सराहना की गई थी, लेकिन आंतरिक कलह ने इसे विवादास्पद बना दिया है।
यह घटना BJP के संगठनात्मक ढांचे में मंडल स्तर के कार्यकर्ताओं की असंतुष्टि को उजागर करती है, खासकर जब पार्टी 2027 के विधानसभा चुनावों की तैयारी में जुटी है। अधिक जानकारी के लिए स्थानीय BJP नेताओं से संपर्क किया जा रहा है।

