सुल्तानपुर। अवध के जिलों में आतंक का पर्याय बने शातिर चोर-बदमाशों के एक बड़े गिरोह का सुल्तानपुर पुलिस ने पर्दाफाश किया है। कुड़वार थाना पुलिस और एसओजी की संयुक्त टीम ने किरतूपुर कला तिराहे से गिरोह के चार हिस्ट्रीशीटर सदस्यों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 2.40 लाख रुपये नकद और लाखों के सोने-चांदी के जेवरात बरामद किए हैं। चोरी का माल खपाने वाला शहर का एक सर्राफ दबिश की भनक लगते ही फरार हो गया, जिसकी तलाश जारी है।
पुलिस अधीक्षक चारू निगम ने शनिवार को प्रेस मीट में बताया कि गिरफ्तार आरोपियों की पहचान जावेद अहमद, अजीम कुरैशी, आदिल और अजय कोरी के रूप में हुई है। ये गिरोह लंबे समय से सुलतानपुर, प्रतापगढ़, अमेठी समेत अवध के कई जिलों में बंद मकानों को निशाना बना रहा था।
पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि वारदात से पहले वे कई दिनों तक मकान और इलाके की रेकी करते थे। रेकी के दौरान मोबाइल फोन बंद रखते थे ताकि लोकेशन ट्रेस न हो। चोरी के बाद सोने-चांदी के जेवरात को पिघलवाकर या सस्ते दामों में बेचने के लिए सुल्तानपुर शहर के एक सर्राफ की मदद लेते थे। पुलिस ने उस सर्राफ की भूमिका की जांच शुरू कर दी है।
एसपी निगम के मुताबिक, गिरोह ने सुल्तानपुर सिटी में डॉक्टर संजय मिश्र के आवास पर हुई बड़ी चोरी, जयसिंहपुर, कुड़वार और प्रतापगढ़ के कई क्षेत्रों में वारदातें कबूल की हैं। कई घटनाओं का खुलासा सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर हुआ।
गिरफ्तार आरोपियों के पास से सोने के चार हार, अंगूठियां, झुमके, मंगलसूत्र, चांदी के पायल, बिछिया, कमरबंद समेत अन्य आभूषण और 2.40 लाख रुपये नकद बरामद हुए हैं। सभी आरोपियों पर पहले से चोरी, गैंगस्टर एक्ट और अन्य गंभीर धाराओं में कई मुकदमे दर्ज हैं।
पुलिस कप्तान ने बताया कि अपराध नियंत्रण के लिए जिले में लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इस गुडवर्क में कुड़वार थाना प्रभारी प्रवीण यादव, एसओजी प्रभारी शिवानंद, उपनिरीक्षक दिनेश यादव, अविनाश चंद्र चौकी प्रभारी शाहगंज की अहम भूमिका रही। एसपी ने पूरी टीम को 25 हजार रुपये के इनाम का एलान किया है।
फिलहाल पुलिस फरार सर्राफ और गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों की तलाश में दबिश दे रही है। एसपी चारू निगम ने कहा कि जिले में सक्रिय अन्य गिरोहों पर भी जल्द बड़ी कार्रवाई होगी।
