बेटियों को सशक्त बनाने की पहल: धनबाद में 12 हजार छात्राओं को मिलेगा आत्मरक्षा प्रशिक्षण
धनबाद, 6 अक्टूबर 2026। जिले की बेटियों को आत्मनिर्भर और आत्मरक्षा के प्रति सक्षम बनाने की दिशा में जिला प्रशासन ने महत्वपूर्ण पहल की है। उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी आदित्य रंजन की मौजूदगी में मंगलवार को बालिकाओं के लिए संचालित होने वाले रानी लक्ष्मीबाई आत्मरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम को लेकर सहमति पत्र (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए।
राज्य परियोजना कार्यालय के निर्देश के तहत जिले के सरकारी विद्यालयों में छात्राओं को आत्मरक्षा का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके तहत 50 मध्य विद्यालयों में ताइक्वांडो और 50 उच्च विद्यालयों में कराटे का प्रशिक्षण आयोजित किया जाएगा। इसके अतिरिक्त 16 पीएम श्री बालिका विद्यालयों में भी आत्मरक्षा प्रशिक्षण संचालित किया जाना है।
कार्यक्रम से लगभग 12 हजार छात्राओं के लाभान्वित होने की उम्मीद है। प्रशिक्षण की अवधि तीन माह निर्धारित की गई है। प्रत्येक माह 12 प्रशिक्षण सत्र आयोजित होंगे और प्रत्येक सत्र दो घंटे का होगा। प्रशिक्षण पूरा होने के बाद छात्राओं को संबंधित संस्था की ओर से अनुभव प्रमाण पत्र भी प्रदान किया जाएगा।
प्रशिक्षण कार्यक्रम के क्रियान्वयन को लेकर जिला शिक्षा पदाधिकारी अभिषेक झा तथा संबंधित प्रशिक्षण संघों के सचिवों ने सहमति पत्र पर हस्ताक्षर किए।
इस अवसर पर उपायुक्त आदित्य रंजन ने अधिकारियों एवं प्रशिक्षण संस्थाओं को निर्देश दिया कि आत्मरक्षा प्रशिक्षण का संचालन समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण और प्रभावी तरीके से सुनिश्चित किया जाए, ताकि अधिक से अधिक छात्राएं इसका लाभ उठा सकें। उन्होंने प्रशिक्षण को छात्राओं के आत्मविश्वास और सुरक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण बताते हुए इसके बेहतर क्रियान्वयन पर जोर दिया।
मौके पर प्रभाग प्रभारी डॉ. मीतू सिन्हा, धनबाद जिला ओलंपिक संघ के प्रतिनिधि पवन कुमार बरनवाल, कराटे संघ की सचिव पेमोला देवी तथा ताइक्वांडो संघ के सचिव कमलेश पांडे सहित अन्य संबंधित लोग मौजूद रहे।
मुख्य बिंदु
- लगभग 12,000 छात्राएं होंगी लाभान्वित
- 50 मध्य विद्यालयों में ताइक्वांडो प्रशिक्षण
- 50 उच्च विद्यालयों में कराटे प्रशिक्षण
- 16 पीएम श्री बालिका विद्यालय भी कार्यक्रम में शामिल
- तीन माह तक चलेगा प्रशिक्षण
- हर माह 12 सत्र, प्रत्येक सत्र दो घंटे का
- प्रशिक्षण पूरा होने पर मिलेगा अनुभव प्रमाण पत्र


