स्कूल टाइम से शाम तक सड़कों पर रेंगते हैं वाहन, टोटो की बेतरतीब आवाजाही और पार्किंग व्यवस्था बनी चुनौती; थाना चौक के ट्रैफिक पोस्ट की भी हो समीक्षा
कतरास। कतरास शहर में बढ़ती जाम की समस्या अब आम लोगों के लिए रोजमर्रा की परेशानी बनती जा रही है। धनबाद नगर निगम के वार्ड नंबर तीन स्थित पंचगढ़ी बाजार, राजगंज रोड, थाना चौक और मेन रोड में अलग-अलग समय पर लगने वाले जाम से राहगीरों, दुकानदारों, वाहन चालकों और स्कूली बच्चों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
सुबह स्कूल खुलने और छुट्टी के समय राजगंज रोड की सब्जी पट्टी से थाना चौक तक वाहनों का दबाव बढ़ जाता है। वहीं शाम के समय थाना चौक और मेन रोड पर स्थिति और गंभीर हो जाती है। कई बार वाहन काफी देर तक रेंगते रहते हैं। सबसे बड़ी चिंता उस समय पैदा होती है, जब जाम में एंबुलेंस या किसी आपातकालीन वाहन के फंसने की स्थिति बनती है।

टोटो की बेतरतीब आवाजाही पर भी नियंत्रण जरूरी
स्थानीय लोगों के अनुसार शहर में टोटो की संख्या बढ़ने के साथ यातायात पर दबाव भी बढ़ा है। निर्धारित रूट और व्यवस्थित स्टैंड की कमी के कारण कई जगह टोटो सड़क किनारे या बाजार क्षेत्र में खड़े दिखाई देते हैं, जिससे सड़क की उपलब्ध चौड़ाई कम हो जाती है।
लोगों का कहना है कि टोटो के लिए स्पष्ट रूट, निर्धारित पड़ाव और पार्किंग व्यवस्था तय की जाए तथा यातायात नियमों का पालन सुनिश्चित कराया जाए। नाबालिगों द्वारा टोटो चलाए जाने की शिकायतों की भी जांच कर नियमों के अनुसार कार्रवाई की मांग उठ रही है।
सड़क पर बने ट्रैफिक पोस्ट की जगह की समीक्षा की मांग
जाम की समस्या के बीच थाना चौक की सड़क पर बनाए गए यातायात पुलिस पोस्ट को लेकर भी स्थानीय व्यापारियों में चर्चा है। व्यापारियों का कहना है कि थाना चौक से चीनी, चावल, गेहूं सहित अन्य सामान लेकर बड़े मालवाहक वाहनों की आवाजाही होती है। ऐसे में सड़क की मौजूदा स्थिति और पोस्ट की जगह को देखते हुए यह सुनिश्चित किया जाना जरूरी है कि बड़े वाहनों के आवागमन और मोड़ने में परेशानी न हो।

व्यापारियों का कहना है कि यातायात व्यवस्था को मजबूत करने के लिए बनाया गया पोस्ट जनता के हित में ही है, लेकिन इसकी जगह और व्यवस्था ऐसी होनी चाहिए जिससे यातायात सुचारु रहे और कारोबार भी प्रभावित न हो। इसलिए संबंधित विभाग द्वारा स्थल का निरीक्षण कर आवश्यकता के अनुसार व्यवस्था में सुधार किया जाए।
पुलिस-प्रशासन से ठोस और संयुक्त कार्रवाई की उम्मीद
कतरास के लोगों का कहना है कि जाम की समस्या का समाधान केवल कभी-कभार ट्रैफिक हटाने से नहीं, बल्कि स्थायी यातायात व्यवस्था बनाने से होगा। इसके लिए पुलिस, यातायात विभाग और नगर निगम को मिलकर क्षेत्र का निरीक्षण कर व्यावहारिक समाधान निकालने की जरूरत है।
लोगों की प्रमुख मांगें हैं—
- टोटो के लिए निर्धारित रूट और स्टैंड तय किया जाए।
- थाना चौक, राजगंज रोड और मेन रोड पर नो-पार्किंग व्यवस्था को प्रभावी बनाया जाए।
- सड़क किनारे होने वाले अतिक्रमण की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
- स्कूल खुलने और छुट्टी के समय विशेष ट्रैफिक व्यवस्था की जाए।
- थाना चौक पर बने ट्रैफिक पोस्ट की जगह और उपयोगिता की समीक्षा की जाए।
- बड़े मालवाहक वाहनों के लिए आवश्यकतानुसार समय और मार्ग संबंधी व्यवस्था बनाई जाए।
- आपातकालीन वाहनों के लिए जाम में ग्रीन कॉरिडोर जैसा त्वरित रास्ता सुनिश्चित करने की व्यवस्था पर विचार हो।
- यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों पर नियमित कार्रवाई की जाए।
जनता को कार्रवाई का इंतजार
कतरास की जनता चाहती है कि इस समस्या को केवल रोज की परेशानी मानकर नजरअंदाज न किया जाए। लोगों को उम्मीद है कि पुलिस-प्रशासन मौके का निरीक्षण कर यातायात विशेषज्ञता और स्थानीय जरूरतों के आधार पर ठोस व्यवस्था लागू करेगा।
जाम से राहत मिलने पर इसका सीधा लाभ आम लोगों, स्कूली बच्चों, मरीजों, व्यापारियों और वाहन चालकों को मिलेगा। अब जरूरत इस बात की है कि संबंधित विभाग शिकायतों को संज्ञान में लेकर मौके पर पहुंचें और ऐसी व्यवस्था तैयार करें, जिससे कतरास की सड़कों पर यातायात सुचारु हो सके।
जनता का सवाल यही है—अगर समस्या रोज सामने आ रही है, तो उसका स्थायी समाधान भी अब जमीन पर दिखाई देना चाहिए।

